आशीष भण्डारी के 11 उपवास का भव्य वरगोडा जुलूस निकला

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न्यूज चक्र @ बून्दी
हर्षायशा श्री जी मा. के बून्दी में जारी चातुर्मास के दौरान तपस्याओं की झड़ी लगी हुई है। इस क्रम में रविवार को अशोक भण्डारी के पुत्र आशीष भण्डारी के 11 उपवास की कठिन तपस्या पूरी होने पर भव्य वरघोड़ा निकाला गया। इसमें बैंड-बाजे,घोड़े, ऊंट आदि के साथ बग्गी में सवार आशीष को शहर के प्रमुख मार्गों से होते हुए दादाबाड़ी ले जाया गया।
मार्ग में इस जुलूस का कई जगह शानदार स्वागत किया गया। सबसे पहले सूर्यमल मिश्रण चौराहे के पास बैडमिंटन क्लब की ओर से जुलूस में शामिल सभी लोगों का ड्राईफ्रूट व ठंडाई से सत्कार किया गया। साथ ही उन पर पुष्प वर्षा भी की गई। उसके बाद क्लब के सदस्यों ने आशीष भण्डारी का माला पहना कर अभिनंदन किया। इसके बाद गुप्ता ऑफसेट पर आशीष के दोस्तों ने आइसक्रीम से जुलूस का सत्कार किया। आगे माहेश्वरी कम्युनिकेशन पर भी दोस्तों व लंकागेट सर्किल पर पारिवारिक मित्रों ने स्वागत किया।
इस जुलूस में शामिल सभी पुरुषों ने सफेद वस्त्र व महिलाओं ने लाल साड़ी पहनी हुई थी। भव्य जुलूस रास्ते में सभी के आकर्षण का केन्द्र रहा। बड़ी धूमधाम से यह दादाबाड़ी पहुंचा। यहां मंदिर में आशीष ने प्रभु का आभार जताया। दादाबाड़ी में परिवार व समाज की महिला-पुरुषों ने गरबा कर आशीष का स्वागत किया गया। आशीष ने साध्वी से आशीर्वाद लिया।‌ ख्याति भण्डारी के निर्देशन में बच्चों ने प्रवचन हाल में सुंदर प्रस्तुति दी। इसमें जैन धर्म की तपस्याओं के बारे में बताया गया। राष्ट्रीय महिला आयोग की पूर्व अध्यक्ष ममता शर्मा ने भी यहां पहुंच कर आशीष को माला पहनाई।
स्थानक समाज के अध्यक्ष मोहन लाल भड़कतिया, रोटरी क्लब अध्यक्ष चन्द्र प्रकाश सेठी, भारतीय जैन संघटक अध्यक्ष महेश पाटोदी, निर्मल जैन, योगेंद्र जैन, नरेश जिंदल, मूलचंद कोठारी, सत्यनारायण माहेश्वरी, विनोद न्याती, डॉ. वीसी जैन, श्री श्वेताम्बर समाज के अध्यक्ष भीमसिंह छाजेड़, महिला मंडल के अध्यक्ष शिक्षा छाजेड़, चातुर्मास संयोजक अशोक भण्डारी, युवा अध्यक्ष निखिल भण्डारी ने भी आशीष का अभिनंदन किया। इस मौके पर समाज के प्रेम, रमेश, राजेन्द्र, सागर, सुभाष, राजीव, सौरभ भण्डारी, उत्तम, राजेन्द्र, मोहित, तेजस, सोनू छाजेड़, राज, पारस, मधु, शकुंतला, आशा, अमिता भण्डारी, विनीता, अंशुल मोना, प्रमिला छाजेड़ , सज्जन बोहरा , सूरज चोरडिया, सरोज, श्रीरोमणि भड़क्तिया, सुनीता दुगड़, अनुपमा भड़क्तिया आदि भी जुलूस में शामिल थे।
प्रवचन में साध्वी ने बताई तप की महिमा
अंत में साध्वी हर्षायशा ने प्रवचन दिए। इसमें उन्होंने तप की महिमा बताई। साथ ही समाज के सभी सदस्यों से इस पर्यूषण पर्व में अधिक से अधिक तपस्या करने का आग्रह किया। उन्होंने आशीष को 11 उपवास के पचखान भी दिलाए। जुलूस में शामिल रहे सभी महिला-पुरुषों को श्रीफल की प्रभावना वितरित की गई है। अक्षय निधि तप की आराधना करने वालों को एकाशना कराया गया।
साध्वी के दर्शन करने के लिए कोटा से 41 साधर्मिक सदस्य भी बून्दी पहुंचे। उनसे आशीर्वाद वचन लेने के बाद इन्हें सूर्यास्त पूर्व भोजन कराया गया।
अलका छाजेड़ के भी 20 उपवास चल रहे हैं। 10 वर्षीय त्रिशा छाजेड़ ने भी रविवार को अक्षय निधि तप वालों के साथ एकाशन किया। समाज के प्रवक्ता आदित्य भण्डारी का कहना है कि साध्वी हर्षायशा के प्रभाव से पूरे समाज मे नई जागृति आई है।