हल्की आंधी-बारिश से ही कोटा बेहाल, हादसों में दो बच्चे घायल, वृद्धा की मौत

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न्यूज़ चक्र @ कोटा
शहर में सोमवार शाम अचानक मौसम बदल जाने से तेज आंधी के साथ हुई बारिश ने हर जगह अफरातफरी मचा दी। पूरे शहर की बिजली ठप हो गई । कई जगह तार टूट गए तो कहीं पेड़ों की टहनियां, होर्डिंग्स के फ्लेक्स आदि टूट व उखड़कर बिजली की लाइनों से जा टकराए। इससे लाइनें फाल्ट हो गईं। लोग देर रात तक सीईएससी के कॉल सेंटर पर शिकायतें दर्ज कराते रहे, वहीं फाल्ट ढूंढ़़ने व  ठीक करने के लिए टीमें रात भर दौड़ती रहीं। इसी के साथ तेज आंधी से महावीर नग इलाके में एक निर्माणाधीन मकान की दीवार गिर जाने से पड़ोस में रहने वाले भाई-बहन घायल हो गए। वहीं रूपाहेड़ा गांव में टीनशेड के नीचे दब जाने से एक  वृृद्धा की मौत हो गई।

शाम होने के साथ ही तेज हवाएं व फिर आंधी चलनी शुरू हो गईं थी, इससे एहतियातन शहर की बिजली बंद कर दी गई। इसके बाद बारिश भी शुरू हो गई। करीब आधे घंटे बाद जब हवा का वेग कुछ कम हुआ तो एक के बाद एक फीडर चालू करना शुरू किए गए। जो फीडर चालू हो गए, वहां तो लोगों को राहत मिल गई, लेकिन कुछ फीडर फाल्ट्स के चलते चालू नहीं हो पाए। इसके बाद सीईएससी की टीमों ने लाइनों की पेट्रोलिंग शुरू की।

आईएजीएसएस से लघु औद्योगिक क्षेत्र में विद्युत आपूर्ति कर रही 33 केवी लाइन का तार टूटने से बिजली बंद हो गई। यहां एक खम्भा भी गिर गया, जिसे ठीक कर बिजली बहाल की गई। सिंधी कॉलोनी में पेड़ लाइन पर गिर गया और तार भी टूट गया। बोरखेड़ा क्षेत्र, रामपुरा में गुलाबबाड़ी, खेड़ली फाटक आदि क्षेत्रों में करीब दो से तीन घंटे बिजली बंद रही। घंटाघर, सूरजपोल, कैथूनीपोल आदि इलाकों में बिजली बहाल तो हुई, लेकिन वोल्टेज कम आने से लोगों को परेशानी हुई। बाद में फाल्ट ठीक कर दिया गया।

यहां हुआ हादसा

तेज आंधी के चलते महावीर नगर थाना क्षेत्र में एक निर्माणाधीन मकान की दीवार गिर गई। हादसे में पड़ोस में रहने वाले बहन-भाई के सिर व पैर में चोट लगी है। जिन्हें दादाबाड़ी स्थित निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। वहीं रूपाहेड़ा गांव में तेज हवा से गिरे टीनशेड के नीचे दबने से एक वृद्धा बसंती बाई(60) की मौत हो गई।

कॉल सेंटर फिर हुआ ठप
कॉल सेंटर पर शिकायत दर्ज कराने में लोगों को सोमवार को भी परेशानी हुई।  सीईएससी के कॉल सेंटर की लाइनें व्यस्त हो गईं। इसके बाद लोगों ने कम्पनी की ओर से स्थानीय अधिकारियों के जारी किए गए चार मोबाइल नम्बरों पर फोन किए, इसके बाद फाल्ट की जानकारी मिल सकी। कई जगह लोगों ने विद्युत निगम के एईएन ऑफिसों में पहुंचकर आक्रोश जताया। यहां मौजूद कर्मचारियों ने लोगों की शिकायत सुनकर कॉल सेंटर की टीमों को फाल्ट ठीक करने के लिए भिजवाया।