पढ़ाई के दबाव के आगे हारी दो छात्राएं, दे दी जान

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एक लड़की उत्तर प्रदेश व दूसरी कोटा की ही निवासी 

एक माह में ही पांचवीं  घटना, पहले तीन छात्र दे चुके हैं जान
न्यूज चक्र @ कोटा

सालों से देशभर में कोचिंग सिटी के रूप में पहचान बना चुके कोटा शहर में रविवार को दो और कोचिंग छात्राओं के आत्महत्या करने की जानकारी सामने आते ही सनसनी फैल गई। इसकी आत्महत्या के पीछे भी पढ़ाई…टॉपर आने का दबाव ही सामने आया है। इस प्रकार एक माह में ही पांच कोचिंग स्टूडेंट के इन कारणों से अपनी जान दे चुके हैं। इन ताजा मामलों के सामने आने से यहां कोचिंग संस्थानों के खिलाफ आक्रोश और गहरा गया है। हर एक की आंखों में यही सवाल है कि यह सिलसिला कब थमेगा। क्या इन हादसों के पीछे कोचिंग सेंटरों का अनहेल्दी एटीट्यूड है ? सिर्फ अपना आर्थिक हित ही देखते हैं ये? देश के कोने-कोने से छात्र-छात्राएं यहां खुद के तो कम अपने माता-पिता के सपनों को अधिक साकार करने आते हैं।
आत्महत्या पहला मामला सुबह सात बजे सामने आया। एलन कोचिंग इंस्टीट्यूट में प्री मेडिकल की कोचिंग ले रही अंजलि आनंद (18) अशोक कुमार, निवासी मुरादाबाद (उत्तर प्रदेश) का सात बजे से क्लास टेस्ट था। वह राजीव गांधी नगर के एक हॉस्टल में रहती थी। टेस्ट के कारण अंजलि की एक सहपाठी उसे लेने के लिए हॉस्टल गई। वहां उसके कमरे का दरवाजा खटखटाया, मगर वह नहीं खुला। इस पर कुछ देर बाद वह लौट गई। इस बात की जानकारी हॉस्टल संचालक को मिली तो उसने अंजलि के मोबाइल पर कॉल किया। लगातार कॉल करने के बावजूद भी कोई रेस्पोंस नहीं मिला तो वह परेशान हो गया। इसके बाद हॉस्टल वार्डन उसके कमरे पर गई। दरवाजा नहीं खुलने पर एक खिड़की की कुंडी तोड़कर उसे खोला गया। अंदर का नजारा देख कर वार्डन के होश उड़ गए। सामने की दूसरी खिड़की पर चुन्नी का फंदा लगाकर अंजलि को लटका पाया।

सुसाइड नोट में बताया पढ़ाई का दबाव

जवाहर नगर थानाधिकारी राजेश मेश्राम ने बताया कि अंजलि ने सुसाइड नोट छोड़ा है। उसमें उसने पढ़ाई का प्रेशन होने की बात लिखी है। उन्होंने यह भी कहा कि तथ्यों व घटनास्थल पर मिले सबूतों के आधार पर जांच की जाएगी। अंजलि के शव को एमबीएस अस्पताल के पोस्टमार्टम रूम में रखवा दिया गया है। सोमवार को पोस्टमार्टम होगा। उसके परिजन सूचना पाकर कोटा के लिए रवाना हो गए हैं। मामला सीआरपीसी की धारा 174 में दर्ज कर लिया गया।

कक्षा 11 की छात्रा ने भी दी जान

उद्योग नगर थाना क्षेत्र के जयश्री विहार निवासी एक कक्षा 11 की छात्रा ने भी पढ़ाई के दबाव के चलते फंदा लगाकर अपनी जान दे दी। उसने भी आत्महत्या करने से पहले सुसाइड नोट लिखा। इस छात्रा का नाम हर्षदीप था।